राजकुमार पारीक, indireporter.com
जयपुर श्री बंधे (भंदे) बालाजी मंदिर में श्री भंदे हनुमान सेवा समिति के तथाकथित अध्यक्ष ओमप्रकाश पूनियां द्वारा अनाधिकृत रूप अपने मृतक पूर्वजों एवं साई की मूर्तियां स्थापित कर मंदिर के पौराणिक, धार्मिक व ऐतिहासिक महत्व को बिगाड़ना एवं आमजन कि धार्मिक भावना आहात होने के कारण अनाधिकृत रूप लगाई मूर्तियां को तत्काल हटाये जाने एवं मंदिर कि चल अचल सम्पति की सुरक्षा किये जाने बाबत, मंगलवार को जयपुर जिला कलेक्टर के नाम ज्ञापन दिया
श्री बंधे (भंदे) बालाजी मंदिर उगरियावास, तहसील मौजमाबाद, पुलिस थाना मोखमपुरा, अजमेर रोड जिला जयपुर में स्थित है। यह मंदिर सदियों पुराना पौराणिक व ऐतिहासिक महत्व मंदिर है। जयपुर एवं आसपास के हजारों गांवो व दूर दूर से आमजन दर्शन के लिए आते हैं, श्री बंदे के बालाजी मन्दिर, कुल देवता के साथ-साथ आस्था का केन्द्र हैं, सभी कि धार्मिक भावनाएं इस मन्दिर से जुडी हुई हैं।
श्री बंधे (भंदे) बालाजी मंदिर कि श्री भंदे हनुमान समिति के तथाकथित अध्यक्ष ओम प्रकाश पूनियाँ जो पिछले लगभग 25 वर्षों से स्वयंभू समिति के अध्यक्ष बने हुए हैं। ना ही उन्होने इस समिति को विधि अनुरूप संचालन कर रहे हैं। वह अपनी मनमर्जी से निर्णय लेते हैं, उनको स्थानीय निवासीयों व आमजन श्रद्धालुओं से कोई मतलब नही रखते हैं। उन्होंने अपनी मनमर्जी से बिना किसी कि सहमति से अपने मृत पूर्वजों की मूर्तियाँ षड्यंत्रपूर्वक श्री बंधे (भंदे) बालाजी मंदिर परिसर में स्थापित करने के साथ ही साईं का मन्दिर निर्माण भी अवैध रूप से निर्माण कराया हैं और उस मन्दिर में अपने मृत पूर्वजों की मूर्तियाँ स्थापित कर दी, जिससे श्रद्धालुओं का विरोध होने पर इसे धार्मिक रंग दिया जा सके और लोग उनके अधर्म के कार्य का विरोध ना कर सके। मंदिर पर अपने परिवारिक आधिपत्य जमाने के उद्देश्य से अपने पद का दुरुपयोग कर इस पौराणिक व ऐतिहासिक महत्व के मंदिर का रूप बिगाड रहे हैं। जिससे स्थानीय निवासीयों व आमजन श्रद्धालुओं की धार्मिक भावना को ठेस पहुंची है हिन्दू धर्म कि मान्यताओं के अनुसार मंदिर परिसर में मृतक पूर्वजों की मूर्तिया अशुभ व अवैध है।
अतः सर्वसमाज की ओर से शिकायत प्रतिवेदन पेश कर विनम्र निवेदन है कि तथाकथित अध्यक्ष ओम प्रकाश पूनियाँ के, अवैध कार्यो से मंदिर कि चल अचल सम्पति की सुरक्षा किये जाने एवं अनाधिकृत साई मूर्ति एवं मृतक पूर्वजों की मूर्तियां हटाये जाने के लिए निरपेक्ष जांच किसी अधिकारी से करवाया जाना की कृपा करे। जिससे कि श्री बंधे (भंदे) बालाजी मंदिर का पौराणिक व ऐतिहासिक महत्व बना रहे है। मंदिर कि चल अचल सम्पति की सुरक्षा कि जा सकें।
मंगलवार को जयपुर कलेक्टर का नाम ज्ञापन देने अमरनाथ जी महाराज, एडवोकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष गजराज सिंह राजावत, सरदार राजन सिंह, देवस्थान विभाग के रराजेश, डवोकेट आशीष गौतम सहित सैकड़ो समाजसेवी श्रद्धालु उपस्थित रहे ।

जय हो