By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept

Indi Reporter (Hindi)

|| India & Beyond: Stories Shaping Our World

Notification Show More
Font ResizerAa
  • Home
  • जयपुर
  • राजस्थान
  • भारत
  • विदेश
  • अपराध
  • खेल
  • राजनीति
  • शिक्षा
  • सकारात्मक खबर
  • संपादकीय
Reading: आई बैंक सोसायटी आफ राजस्थान द्वाराराष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़े का समापन
Share
Font ResizerAa
Indi Reporter (Hindi)Indi Reporter (Hindi)
  • व्यापार
  • राजस्थान समाचार
  • अपराध समाचार
  • भारत समाचार
  • सकारात्मक खबर
  • भोजन & जीवनशैली
  • मनोरंजन
  • पर्यावरण
  • राजनीति
  • शिक्षा
Search
  • Home
  • Categories
    • अपराध समाचार
    • खेल
    • जयपुर समाचार
    • तकनीकी
    • धार्मिक समाचार
    • पर्यावरण
    • भारत समाचार
    • भोजन & जीवनशैली
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • राजनीति
    • दुनिया की राजनीति
    • भारतीय राजनीति
    • राजस्थान समाचार
    • विज्ञान
    • विश्व समाचार
    • व्यापार
    • अर्थव्यवस्था
    • भारत व्यापार
    • विश्व व्यापार
    • शेयर बाजार
    • शिक्षा
    • सकारात्मक खबर
    • संपादकीय
    • स्वास्थ्य
  • Bookmarks
    • Customize Interests
    • My Bookmarks
Have an existing account? Sign In
Follow US
Indi Reporter || India & Beyond: Stories Shaping Our World Sites > Indi Reporter (Hindi) > Blog > तकनीकी > आई बैंक सोसायटी आफ राजस्थान द्वाराराष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़े का समापन
तकनीकीधार्मिक समाचारपर्यावरणभारत समाचार

आई बैंक सोसायटी आफ राजस्थान द्वाराराष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़े का समापन

Rajesh Kumawat
Last updated: September 8, 2025 10:45 am
Rajesh Kumawat Published September 8, 2025
Share
SHARE

दीपक शर्मा, indireporter.com

राष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़े के समापन पर जागरूकता कार्यषाला आयोजित
ए.एन.एम. प्रषिक्षणार्थियों को समझाई नेत्रदान की बारीकियां
चिकित्सा विभाग एवं आई बैंक सोसायटी ऑफ राजस्थान का आयोजन

पाली, नेत्रदान के प्रति आमजन को जागरूक करने के उद्देष्य से सम्पूर्ण देष में हर वर्ष 25 अगस्त से 08 सितम्बर के दौरान आयोजित होने वाले ’’ राष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़ा ’’ कार्यक्रम के अंतर्गत चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग तथा आई बैंक सोसायटी ऑफ राजस्थान,पाली चैप्टर के संयुक्त तत्वावधान में सोमवार को राजकीय बांगड़ चिकित्सालय स्थित ए.एन.एम. प्रषिक्षण केन्द्र,पाली के सभागार में एक जागरूकता कार्यषाला का आयोजन किया गया।


मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा राष्ट्रीय अंधता निवारण कार्यक्रम के अंतर्गत आई बैंक सोसायटी ऑफ राजस्थान,पाली चैप्टर के सहयोग से ए.एन.एम. प्रषिक्षण प्राप्त कर रही प्रषिक्षणार्थियों के लिये सोमवार को 40 वें राष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़े के समापन पर आयोजित जागरूकता कार्यषाला के दौरान नेत्रदान के बारे में सम्पूर्ण प्रक्रिया की जानकारी विषय विषेषज्ञों द्वारा प्रदान की गई है,ताकि वे अपने अपने क्षेत्र में आमजन को इस बारे में जागरूक कर सकें तथा नेत्रदान के महत्व के बारे में आमजन को पर्याप्त एवं सटीक जानकारी प्रदान कर सकें।


सोमवार को जागरूकता कार्यषाला में चिकित्सा विभाग के पूर्व निदेषक डॉ. आर.के. गर्ग ने जानकारी प्रदान करते हुये बताया कि नेत्रदान को सभी धर्मों में मान्यता प्रदान की गई है, नेत्रदान मृत्यु के उपरांत ही सम्भव है, एक व्यक्ति द्वारा नेत्रदान करने से दो नेत्रहीनों को ऑंखों की रोषनी मिल सकती है। नेत्रदान किसी भी धर्म, सम्प्रदाय,जाति, आयु, लिंग का व्यक्ति कर सकता है, उसका चाहे कोई भी रक्त समूह हो,आवष्यकता इस बात की है कि हम उन्हें सही जानकारी देकर उन्हें जागरूक करें ताकि नेत्रदान को बढावा मिल सके तथा जरूरतमंद नेत्रहीन व्यक्ति इस दुनिया के रंगों को देख सके।
कार्यषाला में अपने विचार रखते हुये राजकीय बांगड़ चिकित्सालय के नेत्ररोग विभागाध्यक्ष डॉ. विपुल नागर ने प्रषिक्षणार्थियों से कहा कि वे नेत्रदान हेतु लोगों को प्रेरित करें । नेत्रदान के बारे में उन्होंनें बताया कि जिनका मोतियाबिन्द का ऑपरेषन हुआ है,वे भी नेत्रदान कर सकते हैं, जो लेग नजर का चष्मा लगाते हैं,वे भी नेत्रदान कर सकते हैं, जिनको मधुमेह, उच्च रक्तचाप, सांस की बीमारी है, वो लोग भी आसानी से मृत्योपरांत नेत्रदान कर सकते हैं। जिन लोगों ने नेत्रदान हेतु घोषणा नहीं की है, उनके परिवार के लोगों की सहमति के आधार पर भी नेत्रदान करवाया जा सकता है। उन्होंने सभी सहभागी प्रषिक्षणार्थियों को नेत्रदान की शपथ दिलवाई।
कार्यषाला में ए.एन.एम. प्रशिक्षण केन्द्र के प्रधानाचार्य के. सी. सैनी ने जानकारी देते हुये कहा कि नेत्रदान की प्रक्रिया मृत्यु के छः से आठ घंटे के मध्य पूर्ण होनी अनिवार्य है, नेत्रदान हेतु शव को कहीं लेकर जाने की आवष्यकता नहीं है, इस हेतु आई बैंक सोसायटी ऑफ राजस्थान के लोग मृतक के घर जाकर नेत्रदान की प्रक्रिया पूर्ण करते हैं, नेत्रदान में शव की पूरी ऑंख नहीं निकाली जाती है, बल्कि सिर्फ ऑंख के ऊपर की झिल्ली,जिसे कोर्निया कहते हैं, ही निकाली जाती है,जिससे शव में किसी प्रकार की विकृति नहीं होती है।
आई बैंक सोसायटी ऑफ राजस्थान ,पाली चैप्टर के सचिव केवल चंद कवाड़ ने संस्था के बारे में पूर्ण जानकारी प्रदान की तथा नेत्रदान के बारे में बताया कि नेत्रदान की सम्पूर्ण प्रक्रिया में सिर्फ 15 से 20 मिनट का ही समय लगता है, नेत्रदान करने वाले परिवार के लोगों को चाहिये कि नेत्रदान नहीं होने तक शव की ऑंखों ने गीली पट्टी लगा कर रखें, शव के उपर पंखा बन्द कर दें ताकि शव का कोर्निया खराब ना हो सके। संस्था के अध्यक्ष हुकमी चंद मेहता ने बताया कि नेत्रदान के बारे में सूचना देने हेतु बांगड़ चिकित्सालय परिसर में संचालित संचेती धर्मषाला में आई बैंक सोसायटी ऑफ राजस्थान के कार्यालय में सूचना दी जा सकती है या फिर फोन नम्बर 9252066000 या 9414123335 पर भी सम्पर्क किया जा सकता है।
कार्यक्रम के दौरान नेत्ररोग विभाग के डॉ. सुनैना हटेला, डॉ. मुकेष गोदारा, डॉ. सुभाष सैनी, प्रषिक्षक पारसमल कुमावत, षिवनारायण दाधीच, पीराराम सोलंकी नेत्र सहायक, आई बैंक सोसायटी की डॉ. प्रतीभा गर्ग, गौतम चंद रांका, हेमन्त चौपड़ा, जहूर खान, एवं राजेष सहित लगभग 80 ए.एन.एम. प्रषिक्षणार्थी तथा 60 बीएससी नर्सिंग प्रषिक्षणार्थी उपस्थित रहे। कार्यषाला के अंत में केन्द्र के प्रधानाचार्य के.सी. सैनी ने सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया।

You Might Also Like

आदर्श विद्या मंदिर के छात्र “आर्यन डंगायच” रहे सर्वश्रेष्ठ, 47 श्रेष्ठ छात्रों एवं गरुजनों का हुआ सम्मान

डॉ. संजय सिंह को मिला अंतरराष्ट्रीय RCVS अवार्ड, 20 हजार से अधिक किये सफल ऑपरेशन

लक्षिता शुक्ला ने लक्ष्य किया हासिल, उपलब्धि का श्रेय विद्यालय एवं परिवार को

बालिका शिक्षा को मिलेगा बढ़ाव, कन्या महाविद्यालय भवन का लोकार्पण

बांगुर हॉस्पिटल में प्रीटर्म शिशु ने पाई नई जिंदगी

Share This Article
Facebook Twitter Email Print
Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
TwitterFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

[mc4wp_form]
Popular News
Uncategorized

धार्मिक नगरी उज्जैन उज्जैन नगरी को पवित्र करने वाली मां शिप्रा नदी प्रशासनिक लापरवाही का शिकार हो रही है पवित्र शिप्रा नदी में उज्जैन शहर का मल मूत्र गंदे नाले में बेहतर शिप्रा नदी में समाहित हो रहा है लेकिन सरकार आंखें मूंदकर चुनाव में वोट लेने के प्रयास कर रही है

Rajesh Kumawat Rajesh Kumawat April 26, 2024
भारतीय वायु सेना का फाइटर जेट मिग 29 आगरा में हुआ क्रैश, दोनों पायलट सुरक्षित
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत अपने कार्यकाल में शुरू किया जनहित कार्यों का किया अवलोकन
छत्रपति शिवाजी महाराज की बहादुरी एवं सैनिक कौशल का प्रतीक “बाघ नख” 350 साल बाद लंदन से भारत आया
राजा पार्क से अपहरण हुए नाबालिक को सकुशल छुड़वाया, दिलशान, फैजान, अहमद, सोहेल कुरेशी गिरफ्तार

Categories

  • राजनीति
  • व्यापार
  • भारत
  • विश्व समाचार
  • Science
  • राजस्थान
  • अपराध समाचार
  • सकारात्मक समाचार

About US

Indi Reporter aims to be your go-to destination for staying informed about the latest developments, trends, and stories that matter most.
Quick Links
  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy policy
  • Terms of use
Quick Links
  • Support Us
  • Join Us
  • Advertisement
  • Editorial

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

[mc4wp_form]
© Indi Reporter. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?