राजेश कुमावत, Indireporter.com
खेल मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ ने टेबल टेनिस के खिलाड़ियों एवं अभिभावकों की समस्याएं सुनी
टीटीएफआई महासचिव कमलेश मेहता से की बात
राजस्थान के नाम से प्रतिनिधित्व करेंगे अब प्रदेश के खिलाड़ी
जयपुर, खेल मंत्री, राजस्थान सरकार कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने सवाई मान सिंह स्टेडियम में टेबल टेनिस के खिलाड़ियों एवं अभिभावकों द्वारा रखी गई समस्याओं, शिघ्र ही समाधान का भरोसा दिलाया, जिसमे मुख्य रूप से राजस्थान टेबल टेनिस संघ के नाम से राज्य में चल रहे समानान्तर राज्य खेल संघ की थी। इस बारे में टेबल टेनिस फेडरेशन ऑफ़ इंडिया के महासचिव कमलेश मेहता से भी उन्होंने बात की।
खेल मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि प्रदेश के खिलाड़ियों को अब आगामी राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में टीटीएफआई एक व टीटीएफआई दो के नाम से नहीं खेलना होगा।
टेबल टेनिस खिलाड़ियों को राजस्थान के नाम से खेलने का अवसर प्राप्त होगा।खिलाड़ियों के हित में खेल मंत्री की पहल पर उठाए गए इस कदम से पदक विजेता खिलाड़ियों के लिए पुरस्कार राशि व नौकरी की राह आसान हो सकेगी।
खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि खेल व खिलाड़ियों के विकास को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विजन व राज्य सरकार प्रतिबद्धता को देखते हुए खेल पहले व खेल संघ बाद में होंगें।
सरकार की जिम्मेदारी है खिलाड़ियों के चयन व प्रतियोगिताओं में पारदर्शिता व निष्पक्षता रखते हुए खेल संघ खेल हित में कार्य करें ना कि अपने स्वार्थ के लिए आपसी लड़ाईया लड़ें।
कर्नल राठौड़ ने कहा कि जो भी खेल संघ स्पोर्ट्स एक्ट की पालना नहीं कर रहे है उन्हें सावचेत करना चाहूंगा कि वह अपनी कार्यशैली में सुधार कर लेवे। विडम्बना व दुख की बात है कि कुछ खेल संघ खुद के हित को सर्वोपरि रखते हुए व स्वयं को स्थापित करने को लेकर दो से तीन खेल संघ चलाकर खिलाड़ियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहे है। जो अब बर्दास्त नहीं होगा।
इस अवसर पर शासन सचिव युवा मामले एवं खेल विभाग एवं अध्यक्ष, राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद डॉ. नीरज के.पवन सहित राज्य व राष्ट्रीय खिलाड़ी मौजूद थे।
