राजेश कुमावत इन्डी रिपोर्टर
वीर सावरकर भारत के ही नही विश्व के नायक है। आज के दिन वीर सावरकर को दुनिया ने याद किया
राजस्थान विश्वविद्यालय में, वीर सावरकर जयंती पर हुआ कार्यक्रम
जयपुर। शुभ विचार भारत एवं राजस्थान विश्वविद्यालय जयपुर द्वारा स्वतंत्रता आंदोलन में माँ भारती के वीर सपूत स्वातंत्र्य वीर सावरकर की जयंती मनाई , शिक्षकों एवं छात्रों ने वीर सावरकर के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनके जीवन के दुर्लभ संस्मरण को याद किया।
कार्यक्रम में शुभ विचार भारत के संस्थापक ने युवाओं को संबोधित करते हुआ कहा की “परतंत्रता से मुक्ति के लिये सम्पूर्ण विश्व मे जितने भी आंदोलन हुए है उन सभी आंदलनो के सभी नायकों की वीरता, संघर्ष ,शौर्यता की बात करे तो उन सब नायकों में से में प्रथम पंक्ति के प्रथम नायक भारत माता के वीर पुत्र सावकार होंगे ,वे विश्व के एक मात्र नायक है जिन को दो बार आजीवन कारावास हुआ जिन का सम्पूर्ण परिवार आंदोलन में शामिल रहा, जिन्हें केवल परतंत्रता में परतंत्री अंग्रेजों ने आजीवन कारावास दिया बल्कि अंग्रेजो की जी हजूरी करने वालो ने सत्ता पा कर ,परतंत्री अंग्रेजो को तो सम्मान के साथ ब्रिटेन भेजा और आपसी समझौते के तहत माँ भारती के वीर सपूत स्वाधीनता संग्राम के सब से बड़े नायक वीर सावरकर को जेल में रखा। ‘वीर सावरकर भारत के ही नही विश्व के नायक है,इस अवसर पर प्रोफेसर वंदना कल्ला ने भी अपने विचार रखे।
कार्यक्रम के प्रारंभ में सब से पहले विनायक दामोदर के चित्र पर सभी ने पुष्पांजलि अर्पित की ।
इस अवसर पर सावरकर के व्यक्तित्व व कृतित्व पर विद्यार्थियों के लिए संगोष्ठी रखी गई जिसमें ऋषु राज,किरण मीणा, रिद्धिमा सरीन नरेश शर्मा ने अपने विचार रखें।
संगीत के विद्यार्थियों ने वीर सावरकर पर कविता पाठ और देशभक्ति रचनाएं सुनाई
