राजेश कुमावत, indireporter.com
।जयपुर। निकाय चुनाव में सूखा दिवस के बाद भी शहर में शराब की अवैध बिक्री जारी, “नहीं सूखा गला”
बंद शराब की दुकानों के शटर के पीछे से रात भर बिक रही शराब, MRP से ज्यादा वसूला जा रहा दाम ।
बन्द शराब की दुकान के आसपास गुंडे नुमा कई दलाल घूमते मिल जाएंगे, शराबी को हाव – भाव से पहचान कर शराबी की इच्छा अनुसार उसे शराब आसानी से उपलब्ध करवाते हैं, बदले में मुंह मांगा पैसा वसूलते हैं!
निकाय चुनाव के चलते प्रशासन द्वारा सूखा दिवस Dry Day की घोषणा के बाद भी शहर में शराब की अवैध बिक्री धड़ल्ले से देर रात तक चल रही है।
शहर की सभी अधिकृत शराब दुकानें कागजों पर बंद हैं, लेकिन हकीकत कुछ और ही है। बंद दुकानों के बाहर शराब बेचने वाले दलाल घूमते नजर आ रहे हैं। जैसे ही कोई ग्राहक आता है, उसे इशारे से दुकान के इमरजेंसी द्वार दिखाते हैं, वहां बिना शोर सराबा के आसानी से शराब मिल जाती से है।
आरोप है कि शटर बंद होने के बावजूद इमरजेंसी गेट से रात भर शराब की बिक्री की जा रही है और शराब खरीदने वालों से एमआरपी से भी अधिक मूल्य वसूला जा रहा है, ग्राहक को ओन लाइन पेमेंट या स्क्रीन शॉट पेमेंट कि सुविधा उपलब्ध है।
