राजेश कुमावत, indireporter.com
लोक देवता वीर तेजाजी महाराज का लखी मेला, जाट समाज के नेताओं के लिए बना राजनीतिक अखाड़ा
नागौर, लोक देवता वीर तेजाजी महाराज का जन्म स्थल खरनाल में हर साल “तेजाजी” महाराज का विशाल मेला आयोजन किया जाता है।
लोक देवता तेजाजी महाराज का मेला इतना विशाल था, कि 10 किलोमीटर तक स्टेट हाईवे पर श्रद्धालुओं का जाम लगा रहा। राजस्थान के अलावा पड़ोसियों राज्यों से भी भारी संख्या में श्रद्धालु आए,
लाखों की संख्या में जहां श्रद्धालु आते हैं, वहां “राजनेता” राजनीतिक करने के लिए अपने आप पहुंच जाते हैं। सभी राजनीतिक पार्टियों के शीर्ष जाट नेता अपने समर्थको सहित धार्मिक मेले में राजनीति करने पहुंच गए।
धार्मिक स्थल पर भी राजनीतिक करने से नहीं चुके नेता, एक दूसरे का विरोध प्रदर्शन भी करवाया नेताओं ने, “भाजपा नेता रेवतराम डागा को अपने समर्थकों सहित जान बचाकर भागना पड़ा”
भाजपा नेता रेवत राम डागा व अर्जुन राम मेहरिया जैसे ही मंच पर पहुंचे तो कुछ युवाओं ने पंडाल में विरोध स्वरूप नारेबाजी शुरू कर दी, भाजपा नेता रेवतराम डागा को जान बचाकर अपने समर्थको सहित भागना पड़ा, स्थानीय पुलिस ने सहयोग कर रेवतराम डागा को सुरक्षित बाहर निकाला।
विरोध करने वालों का कहना था कि हनुमान बेनीवाल को जापर क्यों नहीं बुलाया, इसलिए विरोध कर रहे हैं।
हनुमान बेनीवाल, नारायण बेनीवाल अपने काफिले के साथ शाम 4:00 बजे करीब मंच पर पहुंचे तो दूसरे दल के समर्थकों ने विरोध में नारेबाजी शुरू कर दी, माहौल बिगड़ता देख पुलिस ने लोगों को खदेडना शुरू किया, कुछ उपद्रवी युवकों ने पुलिस पर ही पत्थरबाजी कर दी, पुलिस ने आयोजकों को समझाया, इसके बाद धर्म सभा को स्थगित कर दिया गया।
