राजेश कुमावत, , indireporter.com
जयपुर, प्रथम पूज्य श्री मोती डूंगरी गणेश मंदिर में “गणेश चतुर्थी महापर्व” 7 सितंबर को मनाया जाएगा, 9 दिनों तक चलने वाले इस महोत्सव का शुभारंभ 31 अगस्त को पुष्य नक्षत्र भगवान श्री गणेश के पंचामृत अभिषेक के साथ शुरू होगा, भगवान श्री मोती डूंगरी गणेश के पंचामृत अभिषेक में 251 किलो दूध, 25 किलो बूरा, 50 किलो दही, 11 किलो शहद, और 11 किलो गाय के देसी घी से पंचामृत अभिषेक किया जाएगा। यह जानकारी गुरुवार को पत्रकार वार्ता में गणेश मंदिर श्री मोती डूंगरी के महंत कैलाश शर्मा ने बताया।
भगवान गणेश जी का पंचामृत अभिषेक से पूर्व, 501 महिलाएं पील वस्त्रों में कलश यात्रा लेकर गणेश मंदिर मोती डूंगरी पहुंचेगी।
उत्सव 1 सितम्बर को भजन संध्या ध्रुपद गायन के साथ शुरू की जायेगी। 2 एवं 3 सितंबर की शाम कथक नृत्य एवं भजन संध्या कार्यक्रम का आयोजन होगा
4 सितम्बर को भगवान श्री मोती डूंगरी गणेश जी के सजेगी मोदकों की भव्य झांकी,
6 सितम्बर को सिंजारा और मेहंदी पूजन सिंजारे पर चांदी के सिंहासन पर विराजेंगे,स्वर्ण मुकुट धारण करेंगे भगवान गणेश जी,
7 सितम्बर को मंदिर परिसर में सुबह 4:00 बजे से ही भगवान श्री गणेशजी के जन्मोत्सव की धूम रहेगी
8 सितम्बर को, भगवान श्री गणेश जी की भव्य शोभायात्रा मंदिर परिसर से निकल जाएगी, जो शहर भ्रमण करते हुए देर रात्रि गढ़ गणेश मंदिर पहुंचकर समापन होगी
9 दिन चलने वाले इस उत्सव के लिए तैयारियां हुई शुरू
प्रथम पूज्य श्री मोती डूंगरी गणेश मंदिर में इस साल गणेश चतुर्थी पर्व भाद्रपद शुक्ल चतुर्थी, शनिवार 7 सितम्बर को मनाया जाएगा जन्मोत्सव,
